नई दिल्ली,लॉकडाउन से पहले और इसके दौरान भी सरकार लोगों से लगातार अपील कर रही है कि वे उतना ही सामान लें जितने की उन्हें जरूरत हो। उन्होंने जरूरत के सामान को ज्यादा इकट्ठा नहीं करने की सलाह दी थी। बावजूद इसके कई लोग डरकर अपने घरों में जरूरत से ज्यादा किराना भरने में लगे हुए हैं। हालांकि, उनका ऐसा करना उन्हीं के लिए नुकसानदेह साबित हो सकता है।
 
सामान ज्यादा लाना यानी ज्यादा पैसे खर्च करना। ऐसा होना आपके महीने के बजट पर बुरा असर डालेगा। भले ही लॉकडाउन हुआ है लेकिन घर के जो अन्य खर्च हैं, जैसे किराया, बिल आदि उनका भुगतान आपको हर महीने करना ही है। ऐसे में बजट से भी ज्यादा खर्च करना आपको महीनेभर के लिए कड़की में ला सकता है।
 
लगभग सभी दुकानों पर सामान देरी से पहुंच रहा है, इस वजह से वहां ऐसे सामान बाकी रह गए हैं जिनकी या तो एक्सपायरी डेट नजदीक है या फिर तारीख लिखी ही नहीं है। दोनों ही तरह की चीजें आपके लिए ठीक नहीं है। ऐसा सामान लेना जिस पर एक्यपायरी डेट ने हो, बीमारी का कारण बन सकता है। वहीं जल्दी एक्सपायर हो सकने वाली चीज को अगर समय पर खत्म नहीं कर सके तो वह भी आपके किसी काम की नहीं रहेगी।
 
अनाज में मौसम के कारण कीड़े लगने का डर रहता है। अगर आप ज्यादा मात्रा में इसे लेते हैं तो आपको यह भी चेक करते रहना पड़ेगा कि कहीं उनमें कीड़े तो नहीं पड़ गए हैं। अगर ऐसा हो गया तो वह चीज आपके खाने के लायक नहीं बचेगी।
 
आमतौर पर हर महीने व्यक्ति उतना ही किराना लाता है जितनी उसे जरूरत हो। यही वजह है कि उसके पास डिब्बों से लेकर जगह तक सीमित ही होती है। अगर आप ज्यादा सामान लाएंगे तो उसे बाहर रखना पड़ेगा, जिससे सबकुछ फैला हुआ लगेगा और सफाई करने में भी परेशानी आएगी।
 
अगर आप यह सोच रहे हैं कि आपने ढेर सारा सामान ले लिया और बाद में जरूरत न पड़ने पर आप उसे लौटा देंगे तो ऐसा हो ही जाएगा यह जरूरी नहीं। दुकानवाला पहचान का है तब तो कोई बात नहीं, लेकिन अगर ऐसा नहीं है तब ज्यादातर दुकानदार आपका बचा हुआ सामान लेने से मना कर देंगे।