राज्य लोक सेवा आयोग द्वारा आयोजित सहायक प्राध्यापक भर्ती में गड़बड़ी का एक और मामला सामने आया है। दरअसल मामले में अन्य पिछड़ा वर्ग के उम्मीदवारों को अनुसूचित जनजाति के आरक्षित पदों पर चयनित करने का आरोप लगाया गया है। 24 चयनित उम्मीदवारों के नामों की सूची के साथ इस बारे में चार महीने पहले शिकायत भी की गई थी। चयनित उम्मीदवारों द्वारा दबाव बनाने के बाद अब इस शिकायत की जांच की मांग उठ रही है।

समाज की प्रगति के लिए संगठित रहना आवश्यक - वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री देवांगन
‘प्रोजेक्ट चीता’ ‘प्रकृति से प्रगति’ का संदेश देती विश्व की सबसे सफल परियोजना : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
मध्यप्रदेश पुलिस अकादमी भोपाल में प्रशिक्षु उप पुलिस अधीक्षकों के बीच मैत्री वॉलीबाल मैच आयोजित
रतलाम के डायल-112 हीरोज:
मध्यप्रदेश पुलिस की साइबर अपराधों पर बड़ी कार्यवाही